Page 61 - Mann Ki Baat - Hindi
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         रुररलिा ्यद्नीवत और रा्यि होने के
                ं
         बावजद  ररा  पार  करने  का  साहस
             तू
         भारत की आज़ादी की िडाई में एक
         वकंवदंती बन चुका है।
            उनका  जीवन  दृढ  संकलप,
         नेतृतव  और  बविदान  का  अवद्ती्य
         उदाहरण है। अपने अंवतम क्षणों तक
         वे सवतंत्ता के संकलप से डटि़े रहे,
         व्यषकतरत ्यश के विए नहीं बषलक एक
         सवतंत् भारत के सवप्न के विए उनहोंने
         संरष्ग वक्या।
            आज जब हम ‘अमृत काि’ में
         आरे बढ रहे हैं, तब वीर कुँवर वसंह की
         ववरासत हमारे रा्ट्ी्य सवावभमान को
         ऊजा्ग प्रदान करती है। उनकी कहानी
         हमें ्यह वसखाती है वक देशभषकत के
         विए उम्र कभी बाधा नहीं बन सकती
         और कत्गव्य की पुकार हर कवठनाई से
         ऊपर होती है।
            आइए हम उनके साहस, एकता
         और रा्ट् के प्रवत समप्गण की जवािा
         को जीववत रखकर उनकी समृवत को
         सच्ी श्द्ांजवि दें।
            वीर  कुँवर  वसंह  की  ववरासत
         केवि इवतहास का एक अध्या्य नहीं,
         बषलक हमारे विए प्रेरणा और शषकत
         का स्ोत है।


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