Page 13 - Mann Ki Baat - Hindi
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वदया है।” सुकमा की पायल कवासीजी का वनमा्षण कर रह हैं। मैं आप सभी स ़े
की बात भी कम प्ररणादायक नहीं है। आग्रह करता हूँ :
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Javelin Throw में सवण्ष पदक जीतन ़े अपन क्त्र में ऐस खल आयोजनों
वाली पायलजी कहती हैं, “अनरासन और को प्रोतसावहत करें #खलगा भारत –
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कड़ी म़ेहनत स़े कोई भी लक्य असमभव जीतगा भारत, के साि अपन क्त्र की
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नहीं है।” सुकमा के दोरनापाल के पुऩेम खल प्रवतभाओं की कहावनयाँ साझा करें,
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सन्नाजी की कहानी तो नए भारत की सिानीय खल प्रवतभाओं को आग बढ़न ़े
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प्ररक किा है। एक समय नकसली प्रभाव का अवसर दें, याद रवखए, खल स, न
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में आए पुनमजी आज wheelchair पर केवल रारीररक ववकास होता है, बनलक
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दौड़कर म़ेडल जीत रह़े हैं। उनका साहस य Sportsman spirit स समाज को
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और हौसला हर वकसी के वलए प्ररणा जोड़न का भी एक सरकत माधयम है। तो
है। कोडागाँव के तीरंदाज रंजू सोरीजी खूब ख़ेवलए-खूब वखवलए।
को ‘बसतर youth icon’ चुना गया है।
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उनका मानना ह– बसतर Olympic मर पयार द़ेरवावसयो, भारत की दो
दूरदराज के युवाओं को राषट्ीय मंच तक बड़ी उपलनबधयाँ आज ववशव का धयान
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पहँचान का अवसर द रहा है। आकवर्षत कर रही हैं। इनह सुनकर
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सावियो, बसतर Olympic केवल आपको भी गव्ष महसूस होगा। य दोनों
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एक खल आयोजन नहीं है। यह एक ऐसा सरलताएँ सवास्थय के क्त्र में वमली
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मंच है, जहाँ ववकास और खल का संगम हैं। पहली उपलनबध वमली ह– मल़ेररया
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हो रहा है, जहाँ हमार युवा अपनी प्रवतभा स लड़ाई में। मलररया की बीमारी चार
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को वनखार रह हैं और एक नए भारत हजार वरषों स़े मानवता के वलए एक बड़ी
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खेलेगा बस्तर - जी्तेगा बस्तर
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