Page 51 - Mann Ki Baat Hindi
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यह िासति में एक शानिार प्रयास है। मुझे लगता है वक वि्ि में कहीं
                   भरी वकसरी िैश्िक नेता ने हमारे बच्ों में ऐसरी रुवच नहीं विखाई है, वजस
                   तरह से िे उन बच्ों पर पडने िाले िबाि के विषय में सरोकार रखते
                   हैं। मैं तहेविल से सराहना करता हूँ वक प्रधानमंत्रीजरी उनमें से कु्
                   बच्ों के पररीक्ा के तनाि के स्बंध में विलचसपरी रख रहे हैं।
                     -सदगुरु, योगरी एिं आधयाशतमक गुरु, ईशा फाउंडेशन के संसथापक

                   मुझे लगता है वक मैं बहुत भागयशालरी हूँ वक मेरे माता-वपता ने मुझ पर
                          े
                   कभरी अच् अंक लाने का िबाि नहीं डाला। मैं अवभभािकों से कहना
                   चाहूँगरी वक अपने बच्ों करी क्मता को पहचानना बहुत महत्िपूणति है। हो
                   सकता है वक उनकरी रुवच वकसरी और विषय में हो, और यह भरी सहरी है।
                                        -िरीवपका पािुकोण, बॉलरीिुड अवभनेत्री



                   अगर आपके जरीिन में कोई चुनौतरी आतरी है तो आपको अंिर से भरी
                   काफरी मजबूत बनना है। यवि आप मजबूत नहीं हैं तो आप इससे कैसे
                   वनपटेंगे? मैं काफरी चुनौवतयों का सामना करने के बाि चैश्पयन बनरी हूँ।
                   यवि मैं कर सकतरी हूँ तो आप कयों नहीं!
                   -एम.सरी. मैररी कॉम, इंवडयन ओलंवपक बॉकसर एिं पूिति राजयसभा सांसि



                   मुझे लगता है वक जब भरी हम अपनरी पररीक्ाओं के बारे में सुनते हैं तो
                   एक डर से वघर जाते हैं, लेवकन डर करी िजह से न रुकें। अपने डर
                   पर विजय प्रापत करें। प्रधानमंत्रीजरी भरी कहते हैं वक सियं को धोखा िेना
                   बेकार है, इसवलए अपनरी चरीजों के प्रवत ईमानिार रहें।
                   -इवशता वकशोर, यूपरीएससरी-वसविल सेिा पररीक्ा, एआईआर-1, 2022

                   मैंने जो एक बात महसूस करी है, िह यह है वक हर वकसरी करी पररीक्ा करी
                   तैयाररी उसका वयशकतगत विषय है। तैयाररी का ऐसा कोई एक वनधातिररत
                   वनयम नहीं है जो यवि मुझ पर लागू होगा तो वकसरी और पर भरी लागू
                   होगा।
                                 -जय कुमार बोहरा, कलैट, एआईआर-1, 2024


                   ‘पररीक्ा पे चचाति’ से मुझे तरीन बातें पता चलीं - अगर आप वकसरी भरी क्ेत्
                   में आगे बढ़ना चाहते हैं या वफर भरीड से आगे रहना चाहते हैं तो आपको
                   प्रवतविन तरीन जरीत हावसल करनरी होंगरी - पहलरी आधयाशतमक जरीत,
                   िूसररी मानवसक जरीत और तरीसररी शाररीररक जरीत।
                      -आशरीष कुमार िमाति, परीपरीसरी एंकर और ्ात्, आईआईटरी विललरी


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